
चमन प्रकाश
रायपुर/आरंग – वंदे मातरम् गीत के 150वीं वर्षगांठ पर गुरु घासीदास जी शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय अमसेना विकासखंड आरंग, जिला रायपुर में वन्दे मातरम् गीत का सामूहिक गायन किया गया। सर्वप्रथम छात्र छात्राओं द्वारा देशभक्ति गीतों पर सांस्कृतिक प्रस्तुति के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया l

संस्था के प्राचार्य डॉ. दिलीप झा ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए वंदे मातरम् गीत के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए वंदे मातरम् गीत को बंकिमचंद्र चटोपाध्याय द्वारा रचित बताते हुए 1882 में उनके उपन्यास आनंदमठ से लिए जाने तथा 1950 में संविधान सभा के द्वारा भारत के राष्ट्रीय गीत के रूप में अपनाने के इतिहास से अवगत कराते हुए कहा कि यह सांस्कृतिक गौरव का अनुपम उदाहरण है , आयोजन का उद्देश्य युवाओं में राष्ट्र के प्रति कर्तव्यबोध ,सम्मान और गर्व की भावना को सुदृढ़ करना है। वहीं ग्राम पंचायत अमसेना के सरपंच श्री भोजराम साहू मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए l

अपने उद्बोधन में श्री साहू ने कहा कि वंदे मातरम् गीत हमें एकता,शांति, और समृद्धि की दिशा में आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है। शाला विकास प्रबंधन समिति के अध्यक्ष श्री राजकुमार ओगरे ने वन्दे मातरम गीत को केवल गीत ना कहते हुए हर भारतीय के हृदय में अविरल बहने वाला वह भाव बताया ,जो हमें अमर शहीदों की याद दिलाती है। शाला विकास समिति सदस्या श्रीमती इंदिरा ढीढी ने वंदे मातरम् के जय घोष के साथ विद्यार्थियों को राष्ट्र निर्माताओं से प्रेरणा लेने की बातें कहीं।स्कूल की छात्रा कु. सारिका साहू द्वारा वंदे मातरम् संदेश का वाचन किया गया और अंत में सामूहिक वंदे मातरम् का गान किया गया ।

कार्यक्रम का संचालन भोजराम मनहरे व्यायाम शिक्षक ने किया।इस अवसर पर भोजराम साहू सरपंच अमसेना,राजकुमार ओगरे अध्यक्ष शाला विकास प्रबंधन समिति, मालिक राम टंडन,चंद्रमणि राय उपसरपंच प्रतिनिधि, श्यामगीर साहू पंच, ज्ञानेश्वर साहू, टीकालाल ढीढी, इंदिरा ढीढी,पुष्पा साहू, भुनेश्वरी ध्रुव के अलावा शिक्षक शिक्षिकाएं एवं छात्र छात्राएं उपस्थित रहे।



